चीन बॉर्डर पर फाइटर रोल में देश की लड़कियां

आईटीबीपी ने यूपीएससी की ओर से आयोजित अखिल भारतीय परीक्षा के माध्यम से 2016 से अपने कार्ड में महिला लड़ाकू अधिकारियों की भर्ती शुरू की। कुल 53 अधिकारियों में से 42 अधिकारी सामान्य ड्यूटी युद्ध कोडर में है , जबकि 11 अधिकारी लगभग 90000 कर्मियों वाले मजबूत पर्वती युद्ध परीक्षण बल के इंजीनियरिंग कोडर में है।

0
515

लखनऊ / दिल्ली । भारत चीन वास्तविक नियंत्रण रेखा पर सुरक्षा के लिए तैनात इंडो तिब्बत बॉर्डर पुलिस बल ने रविवार को मसूरी में परीक्षण पूरा करने के बाद अपनी पहली दो महिला अधिकारियों को युद्धक भूमिकाओ में शामिल किया। पासिंग आउट परेड के बाद मसूरी स्थित आइटीबीपी अधिकारी परीक्षण अकैडमी में कुल 53 अधिकारीयो ने परीक्षा उत्तीर्ण की है।

दोनों महिलाएं लड़ाकू अधिकारियों के रूप में तैनात हुई हैं। अब तक, आइटीबीपी में महिला अधिकारी चिकित्सा शाखा से सेवारत थी या शीघ्र क्षेत्रीय में भारतीय पुलिस सेवा में प्रतिनियुक्ति पर थी। लेकिन रविवार को मसूरी की आइटीबीपी एकेडमी में आयोजित एक पासिंग परेड के दौरान प्रकृति और दीक्षा ने असिस्टेंट कमांडेंट के रूप में शपथ ली।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रुप में शामिल हुए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और आईटीबीपी के महानिदेशक एस एस दसेवाल ने दोनों महिला अधिकारियों प्रकृति और दीक्षा को अर्धसैनिक बल में शुरुआती स्तर के अधिकारियों और एक सहायक कमांडेंट के पद से नवाजा।

धामी और दसेवाल ने “द हिस्ट्री ऑफ आइटीबीपी “पुस्तक का विमोचन भी किया। इस पुस्तक में आइटीबीपी का दुर्लभ सच और उसकी कामयाबी जैसे बातें हैं। आईटीबीपी ने यूपीएससी की ओर से आयोजित अखिल भारतीय परीक्षा के माध्यम से 2016 से अपने कार्ड में महिला लड़ाकू अधिकारियों की भर्ती शुरू की। कुल 53 अधिकारियों में से 42 अधिकारी सामान्य ड्यूटी युद्ध कोडर में है , जबकि 11 अधिकारी लगभग 90000 कर्मियों वाले मजबूत पर्वती युद्ध परीक्षण बल के इंजीनियरिंग कोडर में है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here